नाखून चबाने से वास्तु और शुक्र ग्रह पर होता है प्रभाव
नाखून चबाने की आदत ऐसी है जो बहुत से लोग अनजाने में अपनी रोजमर्रा की जिंदगी में शामिल कर लेते हैं। यह एक आम लेकिन खतरनाक आदत है, जो न सिर्फ शारीरिक स्वास्थ्य के लिए नुकसानदायक है, बल्कि इसका असर मानसिक और भावनात्मक स्थिति पर भी पड़ता है। इससे वास्तु और शुक्र ग्रह पर प्रभाव पड़ता है।
भारतीय शास्त्रों और वास्तु शास्त्र के अनुसार, नाखूनों में शुक्र ग्रह का प्रभाव होता है. नाखूनों का बार-बार चबाना शुक्र ग्रह को कमजोर कर सकता है, जिससे जीवन में कई प्रकार की कठिनाइयां आ सकती हैं! इस आदत के कारण मानसिक तनाव, आर्थिक तंगी और वैवाहिक समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं। माना जाता है कि जब शुक्र कमजोर होता है, तो व्यक्ति के जीवन में सुख-समृद्धि की कमी हो सकती है, जिससे कई बार वैवाहिक जीवन और रिश्तों में भी तनाव आ सकता है।
नकारात्मक सोच और मानसिक तनाव
नाखून चबाने की आदत मानसिक तनाव और नकारात्मक सोच को बढ़ावा देती है। जब हम इस आदत को अपनाते हैं, तो हम खुद को चिंता और तनाव के प्रति अधिक संवेदनशील बना लेते हैं. यह आदत अक्सर किसी मानसिक या भावनात्मक परेशानी के कारण होती है, जो समय के साथ और भी बढ़ सकती है. इस आदत को छोड़ने से मानसिक शांति और संतुलन की प्राप्ति हो सकती है, जो जीवन को अधिक सुखमय बना सकती है।
Repo Rate: महंगाई के नए आंकड़ों के बाद भी आरबीआई ब्याज दरों में नहीं करेगा बदलाव? जानें रिपोर्ट का दावा
राफेल के बाद S-400 के लिए मिसाइलें खरीदेगा भारत, रूस के साथ डील डन, Op सिंदूर में पाक के लिए बनी थीं काल
Biz Updates: एपल मुंबई के बोरीवली में खोलेगा नया स्टोर, NSE पर ट्रेडिंग खातों ने 25 करोड़ का आंकड़ा पार किया
मध्य प्रदेश के बजट से जागी उम्मीदें, छोटे उद्योगों को रियायत और MSME के लिए अलग नियम की मांग
किन्नर समुदाय बनाएगा अपना अलग शंकराचार्य, महाशिवरात्रि पर होगा ऐलान, 250 ट्रांसजेंडर हिंदू धर्म में करेंगे वापसी
फ्रांस के साथ बड़ी डिफेंस डील को मंजूरी...सेना की बढ़ेगी ताकत
Maha Shivratri 2026: महाशिवरात्रि पर महाकालेश्वर मंदिर में 25 मिनट में होंगे दर्शन, कुबेरेश्वर धाम में इस साल नहीं बंटेंगे रुद्राक्ष
Surya Grahan 2026: कैसे देखें सूर्य ग्रहण? आसमान में नजर आएगा ‘रिंग ऑफ फायर’ का नजारा
साध्वी प्रेम बाईसा मौत मामला अंतिम चरण में, एफएसएल में जहर की पुष्टि नहीं