आदित्य बंसल ने देश में पाई दूसरी रैंक
नई दिल्ली । कहते हैं कि जीवन में व्यक्ति को वही करना चाहिए जिसमें उसकी रुचि हो। ऐसा ही कुछ जेईई एडवांस्ड 2024 के परिणाम में देश में दूसरी रैंक लाने वाले 17 वर्षीय आदित्य ने किया है। आदित्य की मां ममता की इच्छा थी कि उनका बेटा बड़ा होकर डॉक्टर बने लेकिन आदित्य ने अपने करियर का चयन पहले ही कर लिया था कि उन्हें बड़े होकर आईआईटीयन बनाना है। साथ ही देश का नाम विदेशों में ऊंचा करना है। पीतमपुरा के जेपी ब्लाक में आदित्य अपने माता-पिता और बड़ी बहन के साथ रहते हैं। पिता पवन कुमार बंसल पेशे से वकील हैं जबकि मां ममता गृहणी हैं। बहन लावण्या आईआईटी दिल्ली में तीसरे वर्ष की छात्रा हैं। आदित्य की पढ़ाई शुरू से ही पीतमपुरा के डीएल डीएवी स्कूल से हुई है, जबकि पंजाबी बाग स्थित फिटजी से उन्होंने कोचिंग ली है। जेईई मेन 2024 में आदित्य की ऑल इंडिया रैंक 185 आई थी। आदित्य ओलंपियाड परीक्षा देने के लिए फिलहाल मलेशिया गए हैं। उनका कहना है कि जो मैंने मेहनत की है उसका मुझे फल मिला है, आज बहुत अच्छा लग रहा है। पढ़ाई में सफलता का श्रेय मैं अपने माता-पिता, शिक्षकों के साथ बड़ी बहन को दूंगा। शिक्षा का मूलमंत्र बताते हुए उन्होंने कहा कि मैंने पढ़ाई कभी घंटों के हिसाब से नहीं की है जब मन हुआ तभी पढ़ने के लिए बैठ जाता था। हालांकि मैं दिन में आठ से दस घंटे तक पढ़ाई कर लेता था। पंजाबी बाग फिटजी के हेड पार्था हलदर का कहना है कि फिजी के शिक्षकों ने मेहनत से पढ़ाया है जिसका परिणाम है आज आदित्य ने देशभर में दूसरी रैंक हासिल की है।
Indian Student Death: अमेरिका में भारतीय छात्र का मिला शव, 6 दिन पहले हुआ था लापता
महाकाल जैसे दिखते हैं शिवपुर के बाबा स्वयंभू, महाशिवरात्रि पर हजारों श्रद्धालु कर रहे पूजा
खाद माफिया पर बड़ा एक्शन, 6 हजार छापे, 160 लाइसेंस रद्द
एमपी का ‘सरप्राइज इंस्पेक्शन’ मॉडल हिट, राजस्थान-ओडिशा ने मांगी जानकारी, गुणवत्ता पर कसा शिकंजा
कांग्रेस और जहरीली हो गई, सावधान रहना होगा…गुवाहाटी में बोले PM मोदी
मासूम ने खून से लिखा पत्र, सिंधिया से लगाई न्याय की गुहार; डॉक्टर पर कार्रवाई की मांग
भारत ने AI इम्पैक्ट समिट के लिए पाकिस्तान को नहीं दिया न्योता, 100 से अधिक देश होंगे शामिल!
‘चोले’ से नहीं, वाणी से पहचान – अखिलेश यादव का तंज