बाड़ा तोड़ा और जंगल में निकल गया सियार, दिल्ली चिड़ियाघर में खोजबीन जारी
दिल्ली | दिल्ली के चिड़िया घर से एक घटना सामने आई है, जहां शनिवार रात को अपने बाड़े से निकलकर कुछ सियार आसपास के जंगलों में भाग गए, जिसके बाद वन क्षेत्र में अधिकारियों ने सियार की तलाश शुरू की. बताया जा रहा है कि दिल्ली के राष्ट्रीय प्राणी उद्यान में कुछ सियार अपने बाड़े से निकलकर चिड़ियाघर के आसपास के जंगल में भाग गए. इनमें से एक सियार को पकड़ लिया गया है, लेकिन अभी भी कुछ सियार फरार हैं|
शनिवार सुबह घने जंगल में तीन से चार सियार देखे गए, जो राष्ट्रीय प्राणी उद्यान के बीट संख्या 10 में अजीमगंज सराय के पास ऑफ-डिस्प्ले सियार होल्डिंग जोन के पास भाग गए. अधिकारी ने बताया एक सियार को पकड़कर वापस बाड़े में लाया जा चुक है, जबकि टीम बाकी जानवरों को ढूंढ़ने की लगातार कोशिश कर रही है. जानवरों को वापस बाड़े में लाने के लिए कर्मचारियों को तैनात किया गया है|
ट्रॅक्युलाइजेशन टीम भी तैयार की गई
इसके अलावा एक ट्रॅक्युलाइजेशन टीम भी तैयार की गई है. प्रशासन की ओर से जारी एक बयान के मुताबिक जाल के पिंजरे लगा दिए गए हैं. अधिकारियों ने कहा कि जानवरों को ढूंढ़कर उन्हें सुरक्षित उनके बाड़े में ले जाने के लिए चिड़ियाघर की टीमों को पूरे वन क्षेत्र में तैनात किया गया है. राष्ट्रीय प्राणी उद्यान के संयुक्त निदेशक को पूरे मामले की जांच करने और इसकी बारीकियों पर आधारित एक पूरी रिपोर्ट सौंपने का निर्देश दिया गया है|
पहले बाड़े से हिरण आ गए थे बाहर
इसके साथ ही बताया गया कि बाड़े की बाउंड्री मोटी लोहे की जालियों से बनी है, लेकिन अजीमगंज सराय की ओर लगी जाली लंबे समय से कई जगह से टूटी हुई है. ऐसे में हो सकता है कि सियार इसी रास्ते से बाहर निकले हों. इससे पहले भी चिड़िया घर से जून के महीने में बीट नंबर 15 से करीब 6 हिरण बाड़े से बाहर आ गए थे और खुले में घूमते नजर आए थे. हालांकि, हरिणों को कुछ ही घंटों में पकड़ लिया गया था, लेकिन सियारों को अभी तक पकड़ा नहीं गया है और उनकी तलाश की जा रही है|
तुलसी और गौमाता: आरोग्य प्राप्ति के दो दिव्य स्तंभ, जानें कैसे दूर रहेंगे रोग?
यंत्रों की रहस्यमयी शक्ति: जानें कैसे ज्यामितीय आकृतियां बदल सकती हैं आपकी किस्मत?
हथेली में छिपा है आपके जीवन का नक्शा: जानें रेखाओं और बनावट का दिलचस्प संकेत
अतिथि सत्कार की पहली कड़ी: मेहमान को पानी पिलाने के पीछे छिपे हैं ये 3 बड़े रहस्य
1 मई अंतर्राष्ट्रीय श्रमिक दिवस पर विशेष : हर हाथ को काम, हर श्रमिक को सम्मान: विष्णु देव सरकार की प्रतिबद्धता
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने गेहूँ उपार्जन केन्द्रों का किया आकस्मिक निरीक्षण
दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना से सावित्री को मिला संबल
मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय की संवेदनशील पहल
राज्य सरकार धर्म-संस्कृति की धारा को प्रवहमान बनाए रखने के लिए सतत् सक्रिय : मुख्यमंत्री डॉ. यादव