बिहार में नई सरकार के गठन का फॉर्मूला तय, JDU ने कल बुलाई विधायक दल की बैठक, ऐसा हो सकता है नया मंत्रिमंडल
नई दिल्ली: बिहार में नई सरकार के गठन और नई सरकार में गठबंधन के सहयोगी दलों की हिस्सेदारी का फॉर्मूला तय हो गया है. कल नीतीश कुमार की जनता दल यूनाइटेड (JDU) पार्टी ने विधायक दल की बैठक बुलाई है, जिसमें विधायक दल का नेता चुना जाएगा. वहीं 6 विधायकों पर एक मंत्री का फॉर्मूला लागू हो सकता है, यानी गठबंधन की मंशा इस बार सरकार में सभी दलों को शामिल करने की है.
सूत्रों के अनुसार, 22 नवंबर को वर्तमान सरकार का आखिरी दिन है तो 18 नवंबर तक मुख्यमंत्री का चुनाव हो जाएगा और 19 या 20 नवंबर को शपथ ग्रहण समारोह होगा. शपथ ग्रहण समारोह में प्रधानमंत्री मोदी भी शिरकत करेंगे. उन्होंने खुद समारोह में मौजूद रहने के संकेत दिए हैं. पटना के गांधी मैदान में शपथ ग्रहण समारोह हो सकता है. कार्यक्रम को भव्य बनाने की तैयारी शुरू कर दी गई है. BJP शासित राज्यों के मुख्यमंत्री बुलाए जा सकते हैं.
चर्चा है कि नीतीश कुमार कल गवर्नर आरिफ मोहम्मद खान से मुलाकात करके इस्तीफा सौंप सकते हैं और उनसे नई सरकार के शपथ ग्रहण समारोह की तारीख पर चर्चा कर सकते हैं. वहीं JDU नेता ललन सिंह, संजय झा, विजय कुमार सिन्हा समेत कई नेता दिल्ली पहुंच गए हैं, जहां उनकी पार्टी हाईकमान और गृह मंत्री अमित शाह के साथ मुलाकात शेड्यूल है. चिराग पासवान बीते दिन नीतीश कुमार से मिलकर उन्हें बधाई दे चुके हैं और चर्चा भी कर चुके हैं.
बिहार की नई सरकार में इस बार गठबंधन के सभी सहयोगी दलों को प्रतिनिधित्व मिल सकता है. चिराग पासवान, उपेंद्र कुशवाहा, जीतन राम मांझी की पार्टी को भी मंत्री पद मिल सकते हैं. विधायकों की संख्या के अनुसार इस बार मंत्रिमंडल में 36 मंत्री हो सकते हैं. चिराग पासवान डिप्टी CM का पद मांग सकते हैं, वहीं इस बार भी 2 उपमुख्यमंत्री बनाए जा सकते हैं. वहीं पिछली सरकार के कुछ मंत्रियों को भी इस बार मंत्रिमंडल में जगह मिल सकती है.
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