अब सीआईएसफ की तर्ज पर बिहार विशेष सशस्त्र पुलिस बल करेगी काम
पटना। बढ़ते अपराध को देखते हुए अब बिहार में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए बिहार विशेष सशस्त्र पुलिस बल को सीआईएसएफ के तर्ज पर काम करने की जिम्मेदारी सौंपी जा रही है। यह बल औद्योगिक क्षेत्रों, बड़े-बड़े संस्थानों, हवाई अड्डों और जल्द शुरू होने वाली पटना मेट्रो परियोजना की सुरक्षा संभालेगा। राज्य सरकार का लक्ष्य है कि बिहार विशेष सशस्त्र पुलिस बल को हर उस स्थान पर तैनात किया जाए जहां सुरक्षा के लिए विशेष कौशल और त्वरित कार्रवाई की आवश्यकता होती है। पुलिस मुख्यालय का दावा है कि यह पहल बिहार को सुरक्षा के मामले में देश के अग्रणी राज्यों की कतार में खड़ा कर देगी। पुलिस मुख्यालय का ये भी मानना है कि इस कदम से न केवल संवेदनशील स्थानों की निगरानी व्यवस्था मजबूत होगी, बल्कि राज्य में अपराध नियंत्रण और कानून-व्यवस्था को भी नई गति मिलेगी। बिहार विशेष सशस्त्र पुलिस बल को ऐसे स्थानों पर तैनात किया जाएगा जहां सुरक्षा की आवश्यकता सबसे अधिक है। इसमें बड़े औद्योगिक क्षेत्र, प्रमुख सरकारी प्रतिष्ठान, हवाई अड्डे और पटना मेट्रो के सभी स्टेशन व डिपो शामिल हैं। सीआईएसएफ की तरह यह बल भी हाई-टेक उपकरणों और आधुनिक प्रशिक्षण से लैस होगा। पुलिस मुख्यालय के एडीजी (आधुनिकीकरण) सुधांशु कुमार के अनुसार, पटना, मुजफ्फरपुर, गया और बेगूसराय जिलों में नए भवन, कंट्रोल सेंटर और विशेष इकाइयों के कार्यालयों के लिए भूमि अधिग्रहण का कार्य पूरा कर लिया गया है। इन जिलों में जल्द ही निर्माण कार्य शुरू होगा। उन्होंने बताया कि भवन निर्माण के साथ आवश्यक उपकरण, तकनीकी संसाधन और संचार सुविधाओं को उन्नत किया जा रहा है। बेहतर ढांचा मिलने से पुलिस बल की तैनाती, अपराध नियंत्रण और आपातकालीन सेवाओं की दक्षता में सुधार होगा।
राशिफल 27 जुलाई 2026: जानिए आज का दिन आपके लिए कैसा रहेगा
सीएम हेल्पलाइन की शिकायत का त्वरित समाधान
सपनों को मिला कलेक्टर का साथ, द कलेक्टर्स-15 से शुरू हुई बदलाव की नई इबारत
मध्यप्रदेश पुलिस के अधिकारी राकेश कुमार कुशवाह ने ओपन इंडिया प्री-स्टेट शूटिंग प्रतियोगिता में जीता स्वर्ण पदक
प्रधानमंत्री मोदी ने सीधी जिले में बने 1500 तालाबों और नरसिंहपुर के अमृत सरोवरों का मन की बात में किया उल्लेख
युवाओं के नवाचार और स्टार्टअप संस्कृति को मिलेगा नया आयाम : वित्त मंत्री ओपी चौधरी
जैविक खेती से एरिन भगत बनीं आत्मनिर्भर, प्राकृतिक कृषि से घटी खेती की लागत
अंतर्राष्ट्रीय बाघ दिवस में भोपाल में "रन फॉर टाइगर का भव्य आयोजन
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने निवाड़ी के नवीन संयुक्त कलेक्ट्रेट भवन का किया लोकार्पण
बिहान योजना से मिली नई पहचान, पोषण सखी बन महिलाओं और बच्चों के स्वास्थ्य की बनीं संरक्षक