पाकिस्तानी एजेंसियों की बड़ी लापरवाही: नियम तोड़कर खर्च किए अरबों रुपये, ऑडिट रिपोर्ट में खुलासा
व्यापार : पाकिस्तान के आंतरिक मंत्रालय के अधीन आने वाली कानून प्रवर्तन एजेंसियों ने वित्तीय वर्ष 2024 में अरबों रुपये की खरीदारी की है। उन्होंने जॉगर शूज, ऊनी मोजे, गर्म कपड़े, बर्फ और नाव जैसे सामानों पर अरबों खर्च किए लेकिन खरीद प्रकिया के नियमों का पालन नहीं किया। द न्यूज इंटरनेशनल ने शुक्रवार को सूचना दी।
वित्तीय नियमों का गंभीर उल्लंघन
न्यूज एजेंसी के अनुसार एक ऑडिट रिपोर्ट में अनियमित खर्च, कुछ आपूर्तिकार्ताओं के प्रति पक्षपात और ऐसी एजेंसियों में वित्तीय नियमों के गंभीर उल्लंघन की बात सामने आई है। इसमें पाकिस्तान रेंजर्स, फ्रंटियर कोर और पाकिस्तान तटरक्षक बल सहित कई विभाग शामिल हैं।
कंपनियां मानकों पर खरी नहीं उतरी फिर भी हुआ भुगतान
रिपोर्ट के अनुसार पंजाब रेंजर्स ने ऊनी मोजों औ आधी बाजू वाली बनियानों के लिए 4.3 करोड़ पाकिस्तानी रुपये के ठेके उन कंपनियों को दिए जो आवश्यक मानकों पर खरी नहीं उतरीं।
अग्रिम भुगतान में गड़बड़ियां
- पाकिस्तान कोस्ट गार्ड्स ने नावों के लिए एक निजी फर्म को PKR 560 मिलियन अग्रिम दिए, लेकिन चार महीने तय समय सीमा (जुलाई 2024) तक नावें नहीं मिलीं।
- फ्रंटियर कोर ने PKR 297 मिलियन अतिरिक्त अग्रिम भुगतान किया लेकिन सामान समय पर नहीं मिला।
फूड सप्लाई में गड़बड़ी
- केपी (उत्तर) के फ्रंटियर कोर ने PKR 7.8 अरब मांस, दूध, चिकन, तेल आदि पर वही पुरानी दरें बढ़ाकर खर्च की, बिना किसी नए अनुबंध के।
- इसी तरह PKR 2.3 अरब फल, सब्जी, चारा आदि में बिना नियमों के अनुबंध बढ़ाए गए।
अन्य चीजों पर इतना खर्च
- आईजीएफसी (दक्षिण) ने PKR 61 मिलियन की जॉगर्स खरीद की जो तकनीकी मानकों पर खरी नहीं उतरी।
- बर्फ के लिए PKR 43 मिलियन खर्च किए गए, जो जरूरत से ज्यादा और बिना कारण खरीदी गई।
- रेंजर्स सिंध ने PKR 73 मिलियन के यूनिफॉर्म ठेके दिए बिना किसी लैब टेस्ट के।
- एफसी नॉर्थ के चिल्टन राइफल्स ने बिना मंजूरी के निजी बैंक को PKR 1.8 बिलियन वेतन और भत्ते देने के लिए नियुक्त किया।
विजय थलापति के बाद अब धनुष? वायरल वीडियो के बाद सोशल मीडिया पर छिड़ी बहस
शिवकुमार के बयान पर बीजेपी आक्रामक, पेपर लीक मुद्दे पर शुरू हुआ नया विवाद
रिलीज से पहले बदला प्लान, पंकज त्रिपाठी की फिल्म पर निर्देशक अमित राय का बड़ा बयान
मोहना एलिवेटेड रोड को लेकर सख्ती, PWD ने तय की डेडलाइन; दिसंबर तक पूरा होगा काम
मूंग खरीदी को लेकर छिड़ा लेटर वॉर, केंद्र-एमपी सरकार के बीच बढ़ी तकरार
शताब्दीपुरम में अतिक्रमण हटाने पहुंचा JDA, विधायक के आने से मचा हंगामा; अध्यक्ष ने दिया बयान
4 वरिष्ठ IFS अधिकारियों के रिटायरमेंट से वन विभाग में बढ़ेगी अधिकारियों की कमी
संसद में एंटी पेपर लीक बिल के बीच राहुल गांधी का वार, मोदी सरकार के लिए बढ़ी चुनौती
जिम्बाब्वे में जीत के बाद अब नई चुनौती, जानिए दिसंबर तक टीम इंडिया का पूरा शेड्यूल